- कक्षा 1 से व्यावसायिक पाठ्यक्रमों तक 1,000 से 25,000 रुपये वार्षिक छात्रवृत्ति, डीबीटी के माध्यम से मिलेगी सहायता राशि
इंदोर , 22 जुलाई , श्रमिक परिवारों के बच्चों की शिक्षा को प्रोत्साहन देने के उद्देश्य से भारत सरकार के श्रम एवं रोजगार मंत्रालय द्वारा संचालित छात्रवृत्ति योजना के लिए आवेदन प्रक्रिया प्रारंभ हो गई है। योजना के अंतर्गत बीड़ी एवं खदान श्रमिकों के अध्ययनरत संतानों को स्कूली शिक्षा से लेकर उच्च एवं व्यावसायिक शिक्षा तक एक हजार से 25 हजार रुपये तक की वित्तीय सहायता प्रदान की जाएगी। श्रम कल्याण संगठन जबलपुर द्वारा पात्र विद्यार्थियों तक योजना की जानकारी पहुंचाने तथा समय-सीमा में आवेदन एवं सत्यापन की प्रक्रिया पूर्ण कराने के निर्देश दिए हैं।
प्राप्त जानकारी के अनुसार शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए छात्रवृत्ति आवेदन राष्ट्रीय छात्रवृत्ति पोर्टल (एनएसपी) पर एक जून से प्रारंभ हो चुके हैं। पात्र विद्यार्थी 31 अक्टूबर 2026 तक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। छात्रवृत्ति हेतु आवेदन करने के लिए ओ.टी.आर. (One Time Registration व फेस ओथेंटिकेशन प्रक्रिया पूरी करना अनिवार्य है।
आवेदन की पात्रता व संबंधित अन्य जानकारी/शर्तें नेशनल स्कॉलरशिप पोर्टल पर भी उपलब्ध है। ऑनलाईन आवेदन के साथ आवश्यक दस्तावेजों को स्कैन कर अपलोड करें जो कि स्पष्ट और पठनीय हो। आवेदन करने के पश्चात् अपने विद्यालय/महाविद्यालय में संपर्क स्थापित कर अपने आवेदन को स्कॉलरशिप पोर्टल (https://scholarships.gov.in/ के माध्यम से ही सत्यापित करवाना सुनिश्चित करें।
ऑनलाईन आवेदन करने संबंधी अन्य किसी भी प्रकार की जानकारी हेतु जबलपुर मुख्यालय के दूरभाष क्रमांक 0761-4039511, 4039510 या e-mail ID-wc.jabalpur@rediffmail.com, wcjab@mp.gov.in, तथा कल्याण प्रशासक कार्यालय इन्दौर के दूरभाष क्रमांक-0731-2703530 व e-mail ID – waind@mp.gov.in पर संपर्क स्थापित किया जा सकता है। साथ ही मध्यप्रदेश परिक्षेत्र में संचालित अपने नजदीकी औषधालयों एवं केन्द्रीय चिकित्सालय सागर में व्यक्तिगत रूप से भी जानकारी प्राप्त की जा सकती है। विभाग द्वारा महाविद्यालयों से अधिकाधिक पात्र विद्यार्थियों को योजना से जोड़ने और उनके आवेदनों का समयबद्ध सत्यापन सुनिश्चित करने को कहा है।
योजना के अंतर्गत कक्षा एक से लेकर व्यावसायिक पाठ्यक्रमों तक अध्ययनरत विद्यार्थियों को प्रतिवर्ष 1,000 रुपये से 25,000 रुपये तक की छात्रवृत्ति प्रदान की जाती है। कक्षा एक से चौथी तक के विद्यार्थियों को 1,000 रुपये, कक्षा 5 से 8 तक 1,500 रुपये, कक्षा 9 एवं 10 के विद्यार्थियों को 2,000 रुपये, कक्षा 11 एवं 12 के विद्यार्थियों को 3,000 रुपये तथा आईटीआई, पॉलिटेक्निक एवं डिग्री पाठ्यक्रमों के विद्यार्थियों को 6,000 रुपये की सहायता दी जाती है। वहीं व्यावसायिक पाठ्यक्रमों में अध्ययनरत विद्यार्थियों को 25,000 रुपये प्रतिवर्ष तक की छात्रवृत्ति उपलब्ध कराई जाती है।
यह सहायता राशि सीधे विद्यार्थियों के बैंक खातों में डीबीटी (डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर) के माध्यम से हस्तांतरित की जाती है। योजना का लाभ बीड़ी श्रमिकों, लौह अयस्क, मैंगनीज एवं क्रोम अयस्क खदान श्रमिकों, चूना पत्थर एवं डोलोमाइट खदान श्रमिकों के पात्र बच्चों को दिया जाता है। यह योजना श्रमिक परिवारों के बच्चों को शिक्षा जारी रखने में महत्वपूर्ण सहयोग प्रदान कर रही है।
