तंबाकू अनेक प्रकार के कैंसर की जड़ : डॉ कमलेश यादव
तंबाकू निषेध दिवस पर पोस्टर, स्लोगन और निबंध प्रतियोगिताएं
बालिका विद्यालय में तंबाकू निषेध दिवस का ऑनलाइन आयोजन

lucknow. तंबाकू जानलेवा है और इससे विभिन्न प्रकार के कैंसर, जैसे मुंह का कैंसर, गले का कैंसर, आहार नाल का कैंसर और अस्थमा जैसी तकलीफदेय और जानलेवा बीमारियां उत्पन्न होती हैं जो न कि सिर्फ अपने को तकलीफ देती हैं बल्कि अपनों को भी तोड़कर रख देती हैं। एक तो कैंसर शुरुआत में पहचान में नहीं आता है और जब पहचान में आता है तो बात हाथ से निकल चुकी होती है। जब हम इसके इलाज की प्रक्रिया में आते हैं उस समय हमारे खेत खलिहान और घर बिकने की नौबत आ जाती है और हम मरीज को फिर भी बचा नहीं पाते हैं। यह जानते हुए भी हम तंबाकू की लत से निकल नहीं पाते हैं। ऐसी भयावह स्थितियों से बचा जा सके और युवाओं को तंबाकू या किसी भी नशे की गिरफ्त में आने से रोका जा सके।
इसीलिए 31 मई को विश्व स्वास्थ्य संगठन तंबाकू निषेध दिवस मनाता है। बालिका विद्यालय अध्ययन, अध्यापन और अपनी पाठ्य सहगामी क्रिया कलापों के साथ ही समाज की अनेक बुराइयों, कुरीतियों और अनेक बीमारियों के प्रति सावधान रहने के लिए जागरूकता कार्यक्रम चलाता रहता है, विशेषज्ञों की सलाह और संवाद से अनेक भ्रम दूर करते हुए आंख खोलने का कार्य करता है।इस क्रम में विश्व तंबाकू दिवस मनाने के लिए बालिका विद्यालय में आज आमंत्रित किया गया डॉ शकुंतला मिश्रा राष्ट्रीय पुनर्वास विश्वविद्यालय के चिकित्सा अधीक्षक डॉ कमलेश यादव को, जिन्होंने बड़े ही तथ्यपरक और प्रभावी ढंग से तंबाकू के सेवन से होने वाली तकलीफों और नशा उन्मूलन केंद्र में जाकर या किसी चिकित्सक के परामर्श से अपने को कैसे तंबाकू का ग्रास बनने से बचा सकते हैं, प्रवाहपूर्ण और सुग्राह्य संवाद किया।
कार्यक्रम में विद्यालय की प्रधानाचार्य डॉ लीना मिश्र ने तंबाकू दिवस मनाए जाने के उद्देश्यों और अतिथि विशेषज्ञ के विषय में बताते हुए विषय प्रवर्तन किया और डॉक्टर कमलेश यादव की बातचीत के बाद छात्राओं को निर्देश दिया कि वे विषय से संबंधित पोस्टर एवं स्लोगन बनाकर और निबंध लिखकर साथ ही इसका प्रयोग न करने तथा दूसरों को न करने देने की शपथ लेते हुए उसका वीडियो बनाकर इसके प्रति अपने विचार व्यक्त करें ताकि वे शारीरिक और मानसिक रूप से विषय से जुड़ सकें और अपनों को जागरूक कर सकें। उनके इस कार्य में विद्यालय की शिक्षिका सीमा आलोक वार्ष्णेय, पूनम यादव, माधवी सिंह और मंजुला यादव का सहयोग रहा। पोस्टर के माध्यम से सिमरन लोधी, ऋषिता चंद्रा, अंजली कुमारी, मानसी श्रीवास्तव, महक कनौजिया,गुरकीरत और रिया ने समाज के लोगों को जागरूक करने का प्रयास किया। पूजा कनौजिया ने स्लोगन के माध्यम से तथा कीर्ति ने निबंध लिखकर तथा विशाल शर्मा और सलोनी विश्वास है तंबाकू ना की शपथ का वीडियो बनाकर अपने विचारों के माध्यम से समाज के लोगों को तंबाकू का सेवन न करने के लिए प्रेरित किया। विश्व पर्यावरण दिवस और खाद्य सुरक्षा दिवस जैसे महत्वपूर्ण दिनों के मनाए जाने के उद्देश्यों और महत्व के बारे में नामचीन और स्तंभ विशेषज्ञों के साथ बालिका विद्यालय पुनः इस श्रृंखला को आगे बढ़ाएगा।
