
CMD college के भूगोल विभाग के प्राध्यापक PL चंद्राकर ने जीपीएस तकनीकी से है बनाया
बिलासपुर. बिलासपुर शहर में एक दशक पूर्व स्थापित अटल बिहारी वाजपेयी विश्वविद्यालय (Atal Bihari Vajpayee University Bilaspur) के कार्यक्षेत्र का विभाजन सत्र 2021-2022 में शहीद नन्द कुमार पटेल विश्वविद्यालय, रायगढ़ की स्थापना के साथ किया गया। इस विभाजन के बाद ABU के अन्तर्गत मुंगेली, बिलासपुर, गौरेला-पेन्ड्रा-मरवाही और कोरबा जिले से कुल 91 शासकीय/अशासकीय एवं अनुदान प्राप्त कालेज सम्बद्ध है।
ABU के नये कार्यक्षेत्र का मानचित्र बनाने की जिम्मेदारी कुलपति प्रो. बाजपेयी ने अंचल के प्रतिष्ठित सी.एम.दुबे स्नातकोत्तर महाविद्यालय के भूगोल विभाग को दिया था। विभागाध्यक्ष, डॉ. पी.एल. चन्द्राकर ने शासी निकाय के अध्यक्ष, पं. संजय दुबे जी एवं प्रभारी प्राचार्य, डॉ. संजय सिंह के मार्गदर्शन में जी.आई.एस. तकनीकी का प्रयोग कर नये कार्यक्षेत्र का फ्रेमयुक्त दीवाल मानचित्र तैयार किया है। प्रोफेसर चंद्राकर की गिनती देश के चुनिंदा भूगोल विशेषज्ञों में होती है। उन्हें AB तक कई बड़े पुरस्कार और सम्मान मिल चुके हैं।
आज कुलपति कार्यालय में नये मानचित्र का विमोचन प्रो. ए.डी.एन. बाजपेयी, कुलपति, अटल बिहारी वाजपेयी विश्वविद्यालय ने किया। इस अवसर पर विशिष्ट अतिथि के रूप में कुलसचिव, प्रो. सुधीर शर्मा, चेयरमैन पं. संजय दुबे, प्रभारी प्राचार्य, डॉ. संजय सिंह, डॉ. मनोज सिन्हा, समन्वयक, रा.से.यो. उपस्थित रहे। साथ में डॉ. के. के. शुक्ला, विभागाध्यक्ष, इतिहास एवं प्रो. रोहित लहरे उपस्थित रहे।
प्रो. बाजपेयी ने मानचित्र का विमोचन करने के पश्चात् कहा कि पहले बड़े-बड़े महानगरों में ऐसे मानचित्र बनाये जाते थे आज तकनीकी विकास एवं प्रसार के कारण सी.एम.दुबे स्नातकोत्तर महाविद्यालय में भी मानचित्र बनाना संभव हो गया है। यह मानचित्र काफी सुन्दर और उपयोगी है। इसके माध्यम से विश्वविद्यालय के आगंतुक विद्वानों को संबद्ध महाविद्यालयों एवं कार्यक्षेत्र का सरलतापूर्वक परिचय कराया जा सकेगा। मानचित्र को एक नजर में देखकर महाविद्यालयों तक आसानी से पहुंचा जा सकेगा।
इस अवसर पर कुलसचिव डाक्टर सुधीर शर्मा ने कहा कि मानचित्र में सड़क मार्ग, रेल मार्ग, एवं वायु मार्गों के साथ महाविद्यालयों को कोडिंग के माध्यम से सारिणीबद्ध ढंग से प्रस्तुत किया गया।
