

- फंक्शनल फिटनेस फॉर एवरीडे लाइफ विषय पर एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन
बिलासपुर, 01 अगस्त , गुरु घासीदास विश्वविद्यालय (guru ghasidas vishwavidyalaya Bilaspur chhattisgarh ), के फिटनेस एंड वेलनेस सेंटर द्वारा आज 01 अगस्त, 2025 को फंक्शनल फिटनेस फॉर एवरीडे लाइफ विषय पर एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया साथ ही जुंबा हॉल का फीता काटकर उद्घाटन किया गया। कार्यशाला के उद्घाटन समारोह में मुख्य अतिथि विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर आलोक कुमार चक्रवाल ने कहा कि हमें जीवन में आध्यात्म और जनकल्याण के विचार को प्राथमिकता देनी चाहिए।
कुलपति प्रोफेसर चक्रवाल ने कहा कि खानपान की आदतों में सुधारकर हम निरोग रहने के साथ ही संतुलित जीवनचर्या को प्राप्त कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि खानपान का हमारे आचार एवं विचार पर गहरा प्रभाव होता है, ऐसे में हम भी संयमित जीवनचर्या का पालन करते हुए बेहतर आचरण करना चाहिए। रोजमर्रा की जिंदगी में बेहतर स्वास्थ्य बनाए रखना एक चुनौती जरूर है, लेकिन इसे नियमित व्यायाम, स्वस्थ भोजन, तनाव प्रबंधन एवं सामाजिक गतिविधियों में शामिल होकर हासिल करना संभव है। अतिथि वक्ता के रूप में पधारे हेल्थ एंड वेलनेस कंसल्टेंट अमित अग्रवाल ने कहा कि जीवनशैली में छोटे-छोटे बदलाव लाकर स्वास्थ्य को बेहतर बनाया जा सकता है। हम सभी को जीवनशैली के साथ भोजनशैली पर विशेष ध्यान केन्द्रित करने की आवश्यकता है।
विश्वविद्यालय (guru ghasidas vishwavidyalaya Bilaspur chhattisgarh ) के कुलसचिव प्रो. ए.एस. रणदिवे ने भी इस अवसर पर अपने विचार रखे। मंचस्थ अतिथियों में कार्यशाला के संयोजक एवं शारीरिक शिक्षा विभाग के विभागाध्यक्ष प्रो. रत्नेश सिंह, वरिष्ठ आचार्य एवं कार्यशाला के संयोजक प्रो. वी.एस. राठौड़ एवं प्रो. भारती अहिरवार, ओएसडी विकास विभाग उपस्थित रहे।
इससे पूर्व नन्हें पौधे से मंचस्थ अतिथियों का स्वागत किया गया। स्वागत भाषण अनुराग सिंह ने दिया। कार्यशाला की आयोजन सचिव डॉ. शालिनी मेनन ने एक दिवसीय कार्यशाला के विषय में जानकारी साझा करते हुए विश्वविद्यालय में जारी जीजीवी हेल्दी यूनिवर्सिटी मूवमेंट की गतिविधियों के विषय में बताया।
इस अवसर पर मंचस्थ अतिथियों को स्मृति चिह्न भेंट कर सम्मान किया गया। दिनांक 29-31 जुलाई को आयोजित जुंबा कार्यशाला एवं प्रतियोगिता के विजेताओं को प्रमाण-पत्र प्रदान किये गये। धन्यवाद ज्ञापन प्रो. मनीष श्रीवास्तव एवं संचालन कार्यशाला की समन्वयक डॉ. चंद्रवती निराला ने किया। इस अवसर पर विभिन्न विद्यापीठों के अधिष्ठातागण, विभागाध्यक्षगण, शिक्षकगण एवं छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
