- जन सुविधा केन्द्र (CSC) के माध्यम से मतदाता सूची में नाम जोड़ने हेतु भरे जाने वाले आवेदनों के एक से अधिक बार भरे जाने के कारण उत्पन्न बहुप्रविष्टियों (Multiple entries) की समस्या के निवारण हेतु जन सुविधा केन्द्र संचालकों को दिया जायेगा प्रशिक्षण
- फार्म-6 में पूरा पता व सही पिन कोड भरने से शीघ्र प्राप्त हो सकेगा मतदाता पहचान पत्र
लखनऊ | चुनाव आयोग मतदाता सूची को लेकर एक बड़ा कदम उठा रहा है | आयोग की और से जारी प्रेस नोट में कहा गया है कि विधान सभा निर्वाचन क्षेत्रों की निर्वाचक नामावली में नाम शामिल किए जाने हेतु पात्र नागरिकों द्वारा ऑफलाइन के अतिरिक्त ऑनलाइन माध्यमों से भी आवेदन किया जाता है। ऐसा संज्ञान में आया है कि आवेदकों द्वारा ऑनलाइन माध्यम से स्वयं अथवा जन सुविधा केन्द्रों के माध्यम से फार्म-6 जमा करने पर मोबाइल नम्बर पर रेफरेन्स नम्बर की सूचना प्राप्त न होने की दशा में एक से अधिक बार आवेदन कर दिया जाता है, जिसके कारण एक से अधिक प्रविष्टियों (Multiple entries) की समस्या उत्पन्न हो रही है। इस सम्बन्ध में समस्त जिला निर्वाचन अधिकारियों को जन सुविधा केन्द्रों के संचालकों को प्रशिक्षण प्रदान किये जाने हेतु दिशा-निर्देश जारी किये गये हैं।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!नागरिकों द्वारा स्वयं अथवा जन सुविधा केन्द्र के माध्यम से भरे जाने वाले फार्म-6 की एक से अधिक प्रविष्टियों को रोकने हेतु निम्न बातों का ध्यान रखा जाना आवश्यक हैः-
फार्म-6 भरते समय फार्म पर आवेदक अथवा उसके संबंधी का मोबाइल नम्बर अंकित किया जा सकता है। फार्म में दिया गया मोबाइल नम्बर Elector Data में EPIC ID के साथ Link हो जाता है।
फार्म-6 का Final Submission e-sign के उपरान्त होता है एवं e-sign होने के पश्चात ही फार्म का रेफरेंस नम्बर जनरेट होता है। e-sign हेतु आवेदक द्वारा अपना आधार नम्बर देने के पश्चात आधार लिंक मोबाइल नम्बर पर OTP प्राप्त होता है। OTP डालने पर e-sign Successfully complete हो जाता है।
फार्म को e-sign द्वारा सबमिट करने पर फार्म सफलतापूर्वक जमा होने संबंधी मैसेज “Your application has been received for inclusion of name in electoral roll for first time voter. Use S2XXXXO6N2909261200020 for future reference, ECI.” प्रदर्शित होता है, जिससे फार्म जमा होने की पुष्टि हो जाती है।
आवेदक द्वारा फार्म-6 में भरा जाने वाला मोबाइल नम्बर एवं आधार लिंक मोबाइल नम्बर अलग-अलग हो सकता है। फार्म-6 सबमिट होने पर रेफरेंस नम्बर उसी मोबाइल नम्बर पर प्राप्त होता है जो फार्म-6 में अंकित किया गया है। भविष्य में इस रेफरेंस नम्बर की सहायता से आवेदन को ट्रैक भी किया जा सकता है।
यदि आवेदक का फार्म जन सुविधा केन्द्र के संचालक द्वारा भरा जा रहा है तो संचालक द्वारा फार्म भरते समय सम्बन्धित आवेदक का वास्तविक, सक्रिय मोबाइल नम्बर ही फार्म में अंकित किया जाए, जिससे कि सम्बन्धित आवेदक के मोबाइल नम्बर पर फार्म Submit होने संबंधी सूचना प्राप्त हो जाए। जन सुविधा केन्द्र के संचालक द्वारा अपना स्वयं का मोबाइल नम्बर अथवा कोई काल्पनिक या गलत मोबाइल नम्बर आवेदक के मोबाइल नम्बर के स्थान पर कदापि अंकित नहीं किया जाना चाहिए।
कभी-कभी नेटवर्क की समस्या होने के कारण फार्म-6 में भरे गये मोबाइल नम्बर पर रेफरेंस नम्बर की सूचना प्राप्त नहीं होती है। फार्म ई-साइन होने के पश्चात् फार्म का रेफरेन्स नम्बर स्क्रीन पर भी प्रदर्शित होता है। अतः आवेदक के मोबाइल नम्बर पर सूचना प्राप्त न होने की स्थिति में स्क्रीन पर प्रदर्शित रेफरेन्स नम्बर का स्क्रीन शॉट लिया जाए अथवा रेफरेन्स नम्बर नोट कर आवेदक से साझा किया जाए, जिससे कि सम्बन्धित आवेदक के समान फार्म भरे जाने की पुनरावृत्ति न हो और आवेदक द्वारा अपने आवेदन की स्थिति भी ज्ञात की जा सके।
मतदाता फोटो पहचान पत्र (EPIC) डाक विभाग द्वारा स्पीड पोस्ट के माध्यम से मतदाताओं को भेजा जाता है। फार्म में निवास का पता अपूर्ण अथवा गलत पिन कोड भरे जाने की स्थिति में डाक विभाग द्वारा इस प्रकार के मतदाता पहचान पत्र वापस कर दिये जाते हैं, अतः फार्म-6 भरते समय आवेदक द्वारा निवास का पूरा पता सही पिन कोड के साथ दिया जाना आवश्यक है, जिससे मतदाता को मतदाता पहचान पत्र सही पते पर ससमय प्राप्त हो सके।
फार्म-6 भरते समय आवेदक का वास्तविक और सक्रिय मोबाइल नम्बर भरे जाने के कई लाभ होते हैं, जैसे:-
आवेदन सफलतापूर्वक जमा होने की पुष्टि संबंधी सूचना रेफरेंस नम्बर सहित आवेदक के रजिस्टर्ड मोबाइल नम्बर पर प्राप्त होती है।
रेफरेंस नम्बर की सहायता से भविष्य में आवेदन की स्थिति को ट्रैक किया जा सकता है।
यदि आवेदन में पता, फोटो, आयु प्रमाणपत्र अथवा अन्य जानकारी के संबंध में अतिरिक्त दस्तावेजों की आवश्यकता होती है तो आवेदक द्वारा दिये गये मोबाइल नम्बर पर समय से सूचित किया जा सकता है।
मतदाता द्वारा रजिस्टर्ड मोबाइल नम्बर की सहायता से अपना e-EPIC कभी भी और कहीं भी डाउनलोड किया जा सकता है।
मतदाता पहचान पत्र संख्या याद न होने की दशा में रजिस्टर्ड मोबाइल नम्बर द्वारा नागरिक सेवा पोर्टल (http://voters.eci.gov.in) अथवा ECINET Mobile App के माध्यम से मतदाता सूची में अपना व्यक्तिगत विवरण के साथ ही अपने विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र, मतदेय स्थल तथा बी0एल0ओ0 इत्यादि की जानकारी भी प्राप्त की जा सकती है।
समस्त जिला निर्वाचन अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि समस्त निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी, सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी एवं बूथ लेवल अधिकारी द्वारा भी इस तथ्य का विशेष ध्यान रखा जायेगा कि किसी भी आवेदक के फार्म-6 की एक से अधिक प्रविष्टि न होने पाए। साथ ही इन तथ्यों का जनमानस में जानकारी हेतु मीडिया/सोशल मीडिया एवं प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से व्यापक प्रचार-प्रसार कराये जाने के निर्देश भी जिला निर्वाचन अधिकारियों को दिये गये हैं।
