लखनऊ . नवयुग कन्या महाविद्यालय, लखनऊ ( Navyug Kanya Mahavidyalaya Lucknow ) के सेमिनार हॉल में करियर काउंसलिंग सेल द्वारा इंस्टीट्यूशन इनोवेशन काउंसिल (IIC) के संयुक्त तत्वावधान में एवं ‘फ्लाईवे एयर होस्टेस एंड होटल मैनेजमेंट इंस्टीट्यूट’ के सहयोग से एक दिवसीय विशेष कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला का मुख्य विषय “विमानन, आतिथ्य, पर्यटन, ग्राहक सेवा एवं खुदरा उद्योग में युवाओं के लिए करियर की संभावनाएं” (Career Prospects for youth in the Aviation, Hospitality, Tourism, Customer service and Retail industry) रहा, जिसका उद्देश्य स्नातक स्तर की छात्राओं को सेवा क्षेत्र के विभिन्न आयामों में उपलब्ध करियर के असीम अवसरों से रूबरू कराना और उनके कौशल को निखारना था।
कार्यक्रम के मध्य में महाविद्यालय की प्राचार्या प्रो. मंजुला उपाध्याय ने छात्राओं के लिए इस प्रकार की वर्कशॉप को बहुत ही उपयोगी बताया क्योंकि कि वर्तमान प्रतिस्पर्धी युग में स्नातक (यूजी) स्तर की छात्राओं के लिए ऐसे जागरूकता कार्यक्रम अत्यंत आवश्यक हैं। उन्होंने कहा कि केवल पाठ्यक्रम की पढ़ाई और डिग्री प्राप्त करना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि बाजार की आधुनिक मांग के अनुरूप व्यावसायिक कौशलों को सीखना तथा समय रहते करियर के नए विकल्पों की सही जानकारी प्राप्त करना ही छात्राओं के उज्ज्वल और आत्मनिर्भर भविष्य की कुंजी है।
होटलों, रिजॉर्ट्स, इवेंट मैनेजमेंट तथा फ्रंट ऑफिस में युवाओं की मांग
कार्यक्रम के मुख्य वक्ता मुकेश शुक्ला ,फ्लाईवे संस्थानन ने प्रत्येक क्षेत्र में उपलब्ध व्यापक संभावनाओं पर विस्तारपूर्वक प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि विमानन (एविएशन) क्षेत्र में केबिन क्रू, एयर होस्टेस, एयरपोर्ट ग्राउंड स्टाफ, कस्टमर रिलेशनशिप व एयरपोर्ट ऑपरेशंस में आकर्षक करियर विकल्प मौजूद हैं। वहीं आतिथ्य (हॉस्पिटैलिटी) उद्योग में राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर के प्रतिष्ठित होटलों, रिजॉर्ट्स, इवेंट मैनेजमेंट तथा फ्रंट ऑफिस में युवाओं के लिए निरंतर मांग बनी रहती है। इसके साथ ही उन्होंने तेजी से बढ़ते खुदरा (रिटेल) क्षेत्र में स्टोर ऑपरेशंस, मर्चेंडाइजिंग, कस्टमर एक्सपीरियंस और रिटेल सेल्स में उपलब्ध सुनहरे अवसरों की जानकारी दी।

श्री शुक्ला ने छात्राओं को आश्वस्त करते हुए इन कार्यस्थलों पर सरकार द्वारा बालिकाओं व महिला कर्मचारियों की सुरक्षा के लिए तय कड़े मानकों और सुरक्षा प्रावधानों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि एयरपोर्ट्स, प्रतिष्ठित होटलों एवं बड़े रिटेल स्टोर्स में चौबीसों घंटे (24×7) सीसीटीवी निगरानी, महिला सुरक्षा कर्मियों की तैनाती, अधिकृत व सुरक्षित आवागमन (कैब) सुविधाएं अनिवार्य रूप से उपलब्ध कराई जाती हैं।
कम्युनिकेशन स्किल्स जरूरी
इसके साथ ही उन्होंने रेखांकित किया कि इन सभी क्षेत्रों में उत्कृष्ट संचार कौशल (कम्युनिकेशन स्किल्स) की सबसे अधिक आवश्यकता होती है। उन्होंने बातचीत व साक्षात्कार को प्रभावी बनाने के कई व्यावहारिक गुर सिखाए, विशेष रूप से संवाद को संवादात्मक व रोचक बनाने के लिए “डिड यू…?” (Did you…?) जैसे प्रश्न पूछने की तकनीक समझाई। उन्होंने शारीरिक हाव-भाव (बॉडी लैंग्वेज), ग्रूमिंग, साक्षात्कार की तकनीक और आत्मविश्वास बढ़ाने के गुर बताए। साथ ही यह भी महत्वपूर्ण जानकारी साझा की कि इन व्यावसायिक पाठ्यक्रमों के लिए सरकार के माध्यम से 80% तक की छात्रवृत्ति की सुविधा भी उपलब्ध है, जिसका लाभ उठाकर छात्राएं आत्मनिर्भर बन सकती हैं।

इस अवसर पर करियर काउंसलिंग सेल की संयोजक प्रो. शर्मिता नंदी,सेल सदस्य डॉ. अनुरिमा बनर्जी, डॉ. चनप्रीत कौर,सुश्री सौम्या शुक्ला, इनोवेशन काउंसिल की संयोजक डॉ. सुनीता सिंह, राष्ट्रीय सेवा योजना के पदाधिकारी डॉ. मनीषा बड़ोनिया, डॉ. चंदन मौर्य, सुश्री दीक्षा उपस्थित रहीं। अंग्रेजी की प्रो. सीमा सरकार, अन्य सम्मानित प्रवक्तागण तथा फ्लाईवे संस्थान के अन्य प्रतिनिधि भी उपस्थित रहे।
फीडबैक फॉर्म भराए गए
सत्र के अंत में छात्राओं के मूल्यांकन एवं विचार जानने हेतु फीडबैक फॉर्म वितरित किए गए, जिन्हें छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भरकर अपने सकारात्मक अनुभव साझा किए। तत्पश्चात एक जीवंत प्रश्नोत्तर सत्र आयोजित किया गया, जिसमें छात्राओं ने वक्ता से सीधे सवाल पूछकर अपनी जिज्ञासाओं का समाधान प्राप्त किया। कार्यक्रम का औपचारिक समापन डॉ. अनुरिमा बनर्जी द्वारा प्रस्तुत धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ, जिसमें उन्होंने मुख्य वक्ता, प्राचार्या , उपस्थित सभी प्राध्यापकों एवं सक्रिय सहभागिता निभाने वाली छात्राओं का हृदय से आभार व्यक्त किया।
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