लखनऊ । माध्यमिक शिक्षक संघ ( पाण्डेय गुट ) सरकार से नाराज है और अब आरपार की लड़ाई लड़ने के मूड़ में आ गया है . पुरानी पेंशन, तदर्थ शिक्षकों को नियमित करवा कर तदर्थवाद समाप्त किये जाने, शिक्षक/ शिक्षिकाओ का एन पी एस मे जमा धन उनके जी पी एफ खाते मे जमा करने के साथ कार्यवाहक संस्था प्रधानों को पद का वेतन भुगतान एवं शिक्षकों की सेवा शर्तों को पूर्ववत लागू करने की मांगो को लेकर सभी जिला विद्यालय निरीक्षक कर्यालयों पर प्रदेश व्यापी धरने प्रदर्शन के माध्यम से प्रेषित १४ सूत्रीय मांगों के ज्ञापन पर पचास दिन बाद भी अब तक कोई सकारात्ममक कार्यवाई नहीं की गयी है। जिसको लेकरपाण्डेय गुट = ने गहरा असंतोष जताया है।
संगठन के प्रदेश अध्यक्ष डॉ जितेंद्र कुमार सिंह पटेल, संगठन प्रवक्ता ओ पी त्रिपाठी , महामंत्री आशीष कुमार सिंह एवं संयुक्त मंत्री मिथिलेश कुमार पांडेय ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी से लंबित मामलो में तत्काल हस्तक्षेप कर शीघ्र निस्तारण कराये जाने की पुरजोर मांग की है।
मुख्यमंत्री को प्रेषित ज्ञापन में उपर लिखित मांगो के अलावा सभी व्यवसायिक एवं कंप्यूटर शिक्षक को अमेलित कर पूर्ण शिक्षक का दर्जा देने,माध्यमिक शिक्षा के लिए संगठन के प्रयासो के बाद जारी नागरिक संहिता( सिटी जन चार्टर) को प्रभावी ढंग से लागू कर हर स्तर पर लंबित मामलो को समय बद्ध निस्तरित किये जाने, वित्त विहीन शिक्षकों की सेवा सुरक्षा,शिक्षकों के जी पी एफ खातो का प्रत्येक वित्तीय वर्ष की समाप्ति पर विधिवत चेकिंग अभियान के तहत सुनिश्चित कर लेखापर्ची निर्गत किये जाने, अवशेष अभियान चला कर निर्देश के तहत प्रशा सनिक आदेश के साथ ही धन आवंटन कर भुगतान करने करने की मांगो को प्रमुखता से उठाया गया है।
संगठन प्रवक्ता त्रिपाठी ने बताया कि ज्ञापन के एक माह बाद कार्य वाही न होने पर संगठन आर पार संघर्ष करने का निर्णय लेने के लिए बाध्य होगा। जिसकी जिम्मेदारी शासन मे बैठे उच्च शिक्षा अधिका रियों की होगी। आगामी संघर्ष की रनानीति तैयार करने के लिए आगामी २० सितंबर को लखनऊ में संगठन की प्रदेश कार्य समिति की बैठक बुलाई गई है। जिसमे आगामी संघर्ष के कार्यक्रम की रणनीति घोषित होगी।
संगठन प्रवक्ता त्रिपाठी ने बताया कि ज्ञापन के एक माह बाद कार्यवाही न होने पर संगठन आर पार संघर्ष करने का निर्णय लेने के लिए बाध्य होगा। जिसकी जिम्मेदारी शासन मे बैठे उच्च शिक्षा अधिकारियों की होगी। आगामी संघर्ष की रनानीति तैयार करने के लिए 20 सितंबर को लखनऊ में संगठन की प्रदेश कार्य समिति की एक बैठक बुलाई गई है। जिसमे आगामी संघर्ष के कार्यक्रम की रणनीति घोषित होगी।
