
- मोदी जी की गारंटी पूरी करने के लिए एक और बड़ी पहल : कृषक उन्नति योजना के लिए 12 हजार करोड़ रूपए का प्रावधान
- श्री रामलला (अयोध्या धाम) दर्शन योजना के लिए 15 करोड़ रुपए का प्रावधान
- विशेष रूप से पिछड़ी जनजाति के लोगों की कनेक्टिविटी के लिए जनमन योजना में 200 करोड़ रूपए का प्रावधान
रायपुर 6 फरवरी । campussamachar.com, छत्तीसगढ़ विधानसभा में आज वित्तीय वर्ष 2023-24 के लिए 13 हजार 487 करोड़ रुपए का तृतीय अनुपूरक अनुमान ध्वनिमत से पारित कर दिया गया। वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने सोमवार को विधानसभा में तृतीय अनुपूरक अनुमान प्रस्तुत किया था जिसे आज सदन में चर्चा के बाद ध्वनि मत से पारित कर दिया गया।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!latest cg news : अनुपूरक अनुमान पारित होने के बाद वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने कहा कि हमारी सरकार लोगों के लिए समर्पित सरकार है और हमारे बजट में हर वर्ग के उत्थान और समाज के कल्याण की भावना समाहित है। मोदी जी की एक और गारंटी को पूरा करने के लिए तृतीय अनुपूरक अनुमान में राज्य सरकार की महत्वकांक्षी कृषक उन्नति योजना के लिए 12 हजार करोड़ रूपए का प्रावधान किया गया है। मोदी जी की गारंटी में किसानों से प्रति एकड़ 21 क्विंटल धान 3100 रूपए प्रति क्विंटल के मान से खरीदने का वादा किया गया था। वर्तमान में धान की खरीदी समर्थन मूल्य पर की गई है। कृषक उन्नति योजना के तहत किसानों को अंतर की राशि का भुगतान जल्द किया जाएगा। वित्त मंत्री श्री ओ.पी. चौधरी ने तृतीय अनुपूरक अनुमान चर्चा पर अपनी बात रखते हुए मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय जी को महत्वपूर्ण सुझाव देने के लिए धन्यवाद ज्ञापित किया।
cg news today : उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी की बड़ी महत्वाकांक्षी “जनमन योजना” के अंतर्गत हमारे विशेष रूप से पिछड़ी जनजाति के लोगों की कनेक्टिविटी के लिए 200 करोड़ का प्रावधान किया गया है तथा राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका के लिए 195 करोड रुपए का प्रावधान किया गया है। अनुपूरक अनुमान में श्री रामलला (अयोध्या धाम) दर्शन योजना के लिए 15 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है। इसी प्रकार बिजली बिल हाफ योजना के लिए 32 करोड़ 32 लाख रूपए, आयुष्मान भारत जन आरोग्य प्रधानमंत्री योजना हेतु 350 करोड़ रूपए, सिम्स में आवश्यक निर्माण कार्य के लिए 15 करोड़ रूपए, नगरीय निकायों में सेंट्रल लाइब्रेरी सह रीडिंग जोन निर्माण के लिए 20 करोड़ रुपए, प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण के लिए 38 करोड़ रूपए का प्रावधान किया गया है।
