
बिलासपुर. स्कूल शिक्षा विभाग प्राथमिक व मिडिल स्कूलों में शैक्षिक गुणवत्ता बढ़ाने के लिए सभी उपाय कर रहा है लेकिन बच्चों को गुणवत्तायुक्त शिक्षा देने वाले गुरु जी समस्याओं को हल करने में दिलचस्पी नहीं दिखा रहा है जबकि इन समस्याओं का आसान तरीके से हल निकाला जा सकता है। ऐसे करने से शिक्षक और अच्छे ढंग से बच्चों को पढ़ा सकेंगे।
राज्य में प्राथमिक व मिडिल स्कूलों में वर्तमान में 60 फीसदी से अधिक पद प्रधानपाठकों के पद रिक्त हैं। ऐसे स्कूलों में प्रभारी व्यवस्था की गई है। प्रधानपाठकों के पास वैसे भी बहुत काम है और ऐसे में प्रभारी व्यवस्था से काम प्रभावित हो रहा है। ऐसे में महत्वपूर्ण बात यह है कि सहायक शिक्षक एलबी के प्रमोशन के पहले नियमित सहायक शिक्षक और उच्च वर्ग शिक्षक नियमित आज भी प्रमोशन के इंतजार में बैठे हैं, सहायक शिक्षक एलबी के प्रमोशन के पहले इन्हें एक मौका अवश्य मिलना चाहिए।
छत्तीसगढ़ प्रधानपाठक कल्याण संघ बिलासपुर के प्रांताध्यक्ष सीके महिलांगे ने शासन से मांग की है कि सहायक शिक्षक नियमित को प्राथमिक शाला प्रधान पाठक और उच्च वर्ग शिक्षक नियमित को पूर्व माध्यमिक शाला में प्रधान पाठक के पद पर पदोन्नत किया जाय। उन्होंने आगे कहा कि इसके बाद शेष पदों पर सहायक शिक्षक एलबी को पदोन्नति दी जाय, क्योंकि नियमित और पुराने शिक्षक गिनती के बचे हुए हैं उन्हें एक अंतिम अवसर अवश्य मिलना चाहिए।
शासन से हमारी मांग
छत्तीसगढ़ शासन और शिक्षा विभाग रायपुर का ध्यान आकर्षित करना चाहता हूं कि शिक्षकों के साथ अन्याय ना हो, उन्हें पूरा- पूरा न्याय मिल सके। पुराने शिक्षक आज भी प्रमोशन की प्रतीक्षा में सेवानिवृत्त होते जा रहे हैं । पुराने शिक्षक और प्रधान पाठक को प्राचार्य के पद पर योग्यता के अनुसार पदोन्नति दी जाय।सीके महिलांगे
प्रांताध्यक्ष छत्तीसगढ़ प्रधान पाठक कल्याण संघ बिलासपुर
