- CSR पहल में कंपनी के वरिष्ठ अधिकारियों से लेकर कर्मचारियों तक ने लिया हिस्सा, स्वयं व्हीलचेयर असेंबल कर जरूरतमंदों के लिए समर्पित कीं
गुरुग्राम, 25 अगस्त। किसी के लिए व्हीलचेयर महज एक साधन हो सकती है, लेकिन किसी ऐसे व्यक्ति के लिए जिसके कदम उसका साथ नहीं देते, वही व्हीलचेयर आज़ादी, आत्मसम्मान और आत्मनिर्भरता के पहियों में बदल जाती है। इसी सोच को साकार करते हुए Volkswagen Group Digital Solutions [India] और Road Riders ने मंगलवार को एक संवेदनशील और प्रेरणादायी सामाजिक पहल को अंजाम दिया।
Corporate Social Responsibility (CSR) के तहत आयोजित इस विशेष कार्यक्रम में Volkswagen Group Digital Solutions के वरिष्ठ अधिकारियों और कर्मचारियों ने Road Riders के साथ मिलकर व्हीलचेयर असेंबल कीं और उन्हें जरूरतमंद दिव्यांगजनों के लिए समर्पित किया।

कार्यक्रम स्थल पर Road Riders का संदेश If There Is a Wheel, There Is a Way This Is My Freedom पूरी पहल की भावना को बयां कर रहा था।
CSR में दिखी ‘Participation’ की असली तस्वीर
इस पहल की सबसे खास बात यह रही कि Volkswagen की टीम ने केवल आर्थिक सहयोग तक खुद को सीमित नहीं रखा। कंपनी के कर्मचारियों ने स्वयं wheelchair assembly में हिस्सा लिया। कर्मचारियों द्वारा इन व्हीलचेयर को खुद तैयार करना इस बात का संदेश था कि सामाजिक जिम्मेदारी केवल चेक या donation देने का नाम नहीं, बल्कि समाज के लिए अपना समय, श्रम और संवेदनशीलता देने का भी नाम है।
तकनीक और digital solutions की दुनिया में काम करने वाले professionals जब एक दिन अपने नियमित काम से अलग हटकर किसी जरूरतमंद के जीवन को आसान बनाने के लिए अपने हाथों से wheelchair तैयार करते हैं, तो CSR की पहल एक corporate activity से आगे बढ़कर मानवीय बन जाती है।
Volkswagen के वरिष्ठ नेतृत्व की मौजूदगी
आज 25 अगस्त को हुए इस कार्यक्रम में Volkswagen Group Digital Solutions के वरिष्ठ नेतृत्व की महत्वपूर्ण उपस्थिति रही। इनमें Sidharth Yadav, Chief Executive Officer (CEO), Volkswagen Group Digital Solutions Germany एवं Chairman, Volkswagen Group Digital Solutions [India], मौजूद रहे। उनके साथ Kausik Basu, Executive Director एवं Chief Financial Officer, Soumi Alphons, Chief People Officer कार्यक्रम में शामिल हुए। इसके अलावा Volkswagen Group Technology Solutions [India] की टीम से Damanjot Jassal, Head of Software Development Center (SDC), Gaurav Mittal, Head of After Sales IT और Saurabh Khanna, Program Delivery Head की मौजूदगी रही। कंपनी के विभिन्न teams से जुड़े employees की भी इस पहल में सक्रिय भागीदारी की। इनमें Rishabh Shukla , Vikrant sehgal और Ashish Kumar Singh, Senior Data Engineers/Software Engineers, के साथ Manish Kumar Dubey, Praveen Singh तथा WFI team के सदस्य शामिल रहे।

Road Riders की ‘Wheels of Change’ सोच
इस पहल में Road Riders की भूमिका विशेष रूप से महत्वपूर्ण रही। संगठन mobility को केवल आवागमन का साधन नहीं, बल्कि स्वतंत्र और सम्मानजनक जीवन की बुनियाद के रूप में देखता है। Road Riders का Samarth Sethu programme जरूरतमंद और दिव्यांगजनों तक wheelchair तथा अन्य mobility solutions पहुंचाने की दिशा में काम करता है। संगठन के Wheels of Change vision का उद्देश्य ऐसे लोगों को mobility उपलब्ध कराना है, जिनके लिए एक wheelchair उनके जीवन में बड़ा बदलाव ला सकती है।
Road Riders ने वर्ष 2030 तक 10,000 Wheels of Change assemble और distribute करने का लक्ष्य रखा है। संगठन की नेतृत्व टीम में Sonia Tuli Founder & Head Partnership, Pulkita Head Programs, Saksham Head, Legal and Corporate Affairs तथा Sanjay Tuli Head of Finance प्रमुख भूमिकाओं में हैं।
‘दान’ से आगे बढ़कर ‘सशक्तिकरण’
कार्यक्रम में मौजूद लोगों के बीच एक बात स्पष्ट रूप से सामने आई किसी जरूरतमंद को wheelchair देना केवल सहायता प्रदान करना नहीं है।
एक wheelchair किसी व्यक्ति को
- घर से बाहर निकलने की स्वतंत्रता,
- शिक्षा तक बेहतर पहुंच,
- स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच,
- रोजगार एवं livelihood opportunities,
- सामाजिक गतिविधियों में भागीदारी
और सबसे महत्वपूर्ण, अपने जीवन पर अधिक नियंत्रण प्रदान करने में मदद कर सकती है। यही कारण है कि इस पहल को केवल wheelchair distribution programme के रूप में नहीं, बल्कि mobility और empowerment की पहल के रूप में देखा गया।

Corporate और social sector की साझेदारी बनी ताकत
आज के समय में CSR की भूमिका तेजी से बदल रही है। कंपनियां अब केवल financial contribution तक सीमित नहीं रहना चाहतीं, बल्कि अपने employees को भी सामाजिक पहलों से जोड़ रही हैं। Volkswagen Group Digital Solutions और Road Riders की यह पहल इसी बदलती सोच का उदाहरण है।
एक ओर Volkswagen की corporate resources, employee participation और organisational strength रही, तो दूसरी ओर Road Riders की grassroots-level social intervention और mobility focused expertise। दोनों के साथ आने से एक ऐसी पहल सामने आई जिसका सीधा लाभ समाज के जरूरतमंद वर्ग तक पहुंच सकता है।
तकनीक से लेकर समाज तक एक ही उद्देश्य
Volkswagen Group Digital Solutions [India] technology और digital transformation के क्षेत्र में Volkswagen Group के लिए महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। लेकिन इस कार्यक्रम ने यह भी दिखाया कि technology professionals की भूमिका केवल digital products बनाने तक सीमित नहीं है।
तकनीक से दुनिया को आगे बढ़ाने वाले हाथ जब किसी जरूरतमंद के लिए wheelchair का पहिया जोड़ते हैं, तो innovation का एक मानवीय चेहरा भी सामने आता है। कार्यक्रम में कर्मचारियों की सक्रिय भागीदारी ने इसी भावना को मजबूत किया।
छोटी सी पहल से दिया बड़ा संदेश
Volkswagen Group Digital Solutions और Road Riders की यह पहल समाज के लिए एक महत्वपूर्ण संदेश छोड़ गई सामाजिक बदलाव हमेशा बड़ी घोषणाओं से नहीं आता; कभी कभी वह एक wheelchair के छोटे से पहिए से शुरू होता है।
जब corporate organisations, employees और social organisations एक साथ मिलकर काम करते हैं, तो ऐसी पहलें केवल जरूरतमंदों तक सहायता नहीं पहुंचातीं, बल्कि समाज में समावेश, संवेदनशीलता और आत्मनिर्भरता की सोच को भी मजबूत करती हैं।

