बहराईच, 26 मई, महाराजा सुहेलदेव विजयोत्सव ( Maharaja Suheldev Vijay Diwas) समापन दिवस के अवसर पर महाराजा सुहेलदेव स्मारक स्थल (चित्तौरा)परिसर में विशाल कवि सम्मेलन एवं महाराजा सुहेलदेव जीवन चरित्र आधारित परिचर्चा का आयोजन किया गया। आयोजित कार्यक्रम में जिलाधिकारी बहराईच, मुख्य विकास अधिकारी,पुलिस अधीक्षक बहराईच, जिला पर्यटन-संस्कृति परिषद बहराईच से जुड़े अधिकारियों के अलावा हज़ारों की संख्या में श्रोता,आस्थावानजन, नागरिक उपस्थित रहे।
कवियों ने महाराजा सुहेलदेव के विजयी यशस्वी गाथा का गान देर रात तक करते रहे और राष्ट्रीय शंखनाद करने का आवाहन किया।
कवि सम्मेलन का शुभारंभ करते हुए साहित्यकार लेखक व कवि रमेश चंद्र तिवारी ने पढ़ा कि “काटी थी चोटियां जिनने तोड़े जनेऊ थे ,हाथ पांव काटे उनके राजा सुहेल ने” बोले की मार से परिंदे पसरते जैसे सय्यद मसूद के सैनिक पसर गए।कवि राघवेंद्र त्रिपाठी ने गाया कि संस्कृत रक्षा हेतु संत जन बोलते हैं एक हाथ माला दूजे भाला भी लगाइए।काम है पुनीत मित्र राष्ट्र चेतना के हेतु जागिये और सबको जगाइए।वरिष्ठ कवि शैलेंद्र मिश्र ने कहा कि”अपनी माटी अपना जनपद अपना बहराईच प्यारा है उसने मसूद का मर्दन कर ग़ाज़ी का शीश उतारा है।वरिष्ठ इतिहासकार गोपाल शुक्ल ने पढ़ा देखता हूं आदमी को चल रहा है आदमी,आदमी के नाम पर अब कल रहा है आदमी”।राष्ट्रवादी कवि गुलाब चंद्र जायसवाल ने ओज रस की कविता पढ़ते हुए कहा कि “गौ समूह के मध्य सिपाही बुदजिल ही कहलाएगा, गौ माता ना मरे अतः हिन्दू उस से कतरायेगा।छदम युद्ध कर ग़ज़नी से चलकर आतंक मचाएगा, तब कोई श्रावस्ती नरेश अपना पौरुष दिखलाएगा।युवा कवि धीरज पांडेय ने काव्यपाठ करते हुए कहा कि अनुनय विनय छोड़ कर पौरुष से रिपु का संघार किया, ग़ाज़ी का मस्तक लेकर अभिलाशालाओ का उजियार किया।ग़ज़ल गीत के हस्ताक्षर प्रतीक पांडेय ने काव्यपाठ करते हुए कहा की ” महाराजा सुहेलदेव की गाथा बडी पुरानी है उनके साहस स्वाभिमान के चर्चा आज जमानी है”।
कार्यक्रम का संचालन करते हुए महामना मालवीय मिशन अध्यक्ष(अवध) संजीव श्रीवास्तव एडवोकेट ने उपस्थित लोगो से नशा मुक्त समाज बनाये जाने का आवाहन किया।आयोजित कार्यक्रम का अध्यक्षता करते हुए राष्ट्रवादी विचारक संत बाबा मुरारी दास उपाख्य मिहरज ध्वज जी ने कहा कि भारत की अखंडता को अक्षुण बनाये रखने का काम महाराजा सुहेलदेव ने किया इसलिए उनके नाम के प्रति सम्मान व्यक्त करना हर भारतीय का दायित्व है।

मुख्य अतिथि सदस्य गौ सेवा आयोग (उ०प्र०) राजेश सिंह सेंगर ने कहा कि देश धर्म की रक्षा के लिए महाराजा सुहेलदेव ने जो अपना योगदान दिया वह वर्तमान व आने वाली पीढ़ी के लिए अनुकरणीय है। आयोजित कार्यक्रम में प्रमुख रूप से जिलाधिकारी बहराईच अक्षय त्रिपाठी ,मुख्य विकास अधिकारी सुनील कुमार धनवंता,पुलिस अधीक्षक बहराईच विश्वजीत श्रीवास्तव, मुख्य राजस्व अधिकारी सौरभ दुबे, नगर मजिस्ट्रेट राजेश प्रसाद, सुहेलदेव सेवा समिति सचिव दिलीप कुमार, पर्यावरणविद डॉ पंकज श्रीवास्तव, स्वामी विष्णुदेवाचार्य जी महाराज ,समाजसेवी हरीश चंद्र गुप्ता, अध्यक्ष कन्हैयालाल रूपानी,कार्यकारी अध्यक्ष कृष्ण मोहन गोयल सहित हज़ारो श्रोता, कवि, साहित्यकार एवं नागरिक जन उपस्थित रहे।
समापन अवसर पर जिले के अधिकारियों ने साहित्यकार,पत्रकार व कवियों को अंगवस्त्र पहनाकर व चित्र देकर सम्मानित किया।
