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- सामाजिक सद्भाव, पारिवारिक एकता एवं सांस्कृतिक गौरव के संदेश के साथ जुटेगा कूर्मि समाज; दो सत्रों में होंगे विविध आयोजन
सेमरताल – कूर्मि समाज की सामाजिक एकता, पारिवारिक आत्मीयता, सांस्कृतिक विरासत और आपसी सद्भाव को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से ग्राम सेमरताल में बुधवार, 21 अक्टूबर 2026 को भव्य ‘कूर्मि परिवार दर्शन समारोह 2026’ का आयोजन किया जा रहा है। यह समारोह शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, सेमरताल के मैदान में आयोजित होगा। आयोजन में कूर्मि समाज के परिवारजन, सामाजिक प्रतिनिधि, जनप्रतिनिधि, विशिष्ट अतिथि एवं समाज के विभिन्न क्षेत्रों में योगदान देने वाले गणमान्य नागरिक शामिल होंगे।
समारोह का उद्देश्य समाज के लोगों को एक साझा मंच पर लाकर पारिवारिक संबंधों को प्रगाढ़ करना, नई पीढ़ी को सामाजिक एवं सांस्कृतिक मूल्यों से जोड़ना समाज के इतिहास से परिचय, तथा समाज की गौरवशाली परंपराओं को आगे बढ़ाना है। आयोजकों ने सभी समाजजनों से पूरे परिवार सहित समारोह में उपस्थित होकर आयोजन को सफल बनाने की अपील की है।
दो सत्रों में होंगे कार्यक्रम
समारोह का आयोजन दो सत्रों में किया जाएगा। प्रथम सत्र प्रातः 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक निर्धारित है। इस सत्र में कलश यात्रा, पूर्वजों की पूजा-अर्चना, अतिथियों का स्वागत, स्वागत भाषण, कूर्मि परिवार दर्शन समारोह के औचित्य पर वक्तव्य, परिवार परिचय, सांस्कृतिक, प्रस्तुतियां, अतिथि उद्बोधन एवं आभार प्रदर्शन जैसे कार्यक्रम होंगे।
द्वितीय सत्र दोपहर 12 बजे से शाम 5 बजे तक चलेगा। इसमें कूर्मि परिवार दर्शन ग्रंथ का विमोचन, परिवार परिचय, सांस्कृतिक प्रस्तुतियां, अतिथि उद्बोधन, सामूहिक छायाचित्र एवं आभार प्रदर्शन सहित विविध गतिविधियां आयोजित की जाएंगी। परिवार परिचय के माध्यम से समाज के सदस्यों को एक-दूसरे से परिचित होने और पारिवारिक संबंधों को मजबूत बनाने का अवसर मिलेगा।
प्रथम सत्र के मुख्य अतिथि एवं अध्यक्ष
प्रथम सत्र में स्वामी सिद्धेश्वर पाटनवार, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष, छत्तीसगढ़ कूर्मि क्षत्रिय चेतना मंच मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहेंगे। सत्र की अध्यक्षता श्री मूलचंद कौशिक, सेवानिवृत्त प्रधान पाठक, सेमरताल करेंगे।
प्रथम सत्र के विशिष्ट अतिथियों में केजाराम कौशिक समाज प्रमुख बेलपान, रामकुमार वर्मा सेवानिवृत शिक्षक, थानुराम कौशिक समाज प्रमुख कठमुडा, श्रीमती विमला गहवई पूर्व जनपद सदस्य कोटा, श्री रामअवतार गहवई सेवानिवृत डिप्टी रेंजर, रामकुमार कौशिक, श्रीमती नंदिनी पाटनवार पूर्व प्रदेशाध्यक्ष महिला प्रकोष्ठ चेतना मंच, त्रियुगीनारायण कौशिक शिक्षक, जितेंद्र गहवई, श्रीमती बबीता पाटनवार समाजसेवी, श्री राघवेन्द्र गहवई जनपद सदस्य कोटा, तथा डॉ. गणेश कौशिक प्रदेश सचिव युवा प्रकोष्ठ चेतना मंच सहित आमंत्रित गणमान्यजन शामिल हैं।
द्वितीय सत्र में विशिष्ट अतिथियों की सहभागिता
द्वितीय सत्र के मुख्य अतिथि धरमलाल कौशिक, पूर्व विधानसभा अध्यक्ष एवं विधायक, बिल्हा होंगे। सत्र की अध्यक्षता बैजनाथ चंद्राकर, पूर्व विधायक पंडरिया एवं पूर्व अध्यक्ष, अपेक्स बैंक करेंगे।
द्वितीय सत्र में आमंत्रित विशिष्ट अतिथियों में व्यासनारायण कश्यप विधायक जांजगीर चाँपा, प्रदीप कौशिक प्रदेशाध्यक्ष छत्तीसगढ़ कूर्मि चेतना मंच,सियाराम कौशिक पूर्व विधायक बिल्हा, नारायण प्रसाद गवेल एस. डी. एम. तखतपुर, आर. के. सिंह संरक्षक अखिल भारतीय कूर्मि महासभा, डॉ. एल. सी. मढरिया वरिष्ठ नेत्र रोग विशेषज्ञ, डॉ. जीतेन्द्र कुमार सिंगरौल संचालक छ. ग. सामाजिक अंकेक्षण, श्रीमती रंजना वर्मा पूर्व प्रदेशाध्यक्ष महिला प्रकोष्ठ चेतना मंच, श्री प्रमोद नायक पूर्व अध्यक्ष जि. स. के. बैंक बिलासपुर, संतोष कौशिक जिला उपाध्यक्ष भाजपा बिलासपुर तथा विरेंद्र गहवई ब्यूरो चीफ न्यूज 24 सहित अन्य गणमान्यजन शामिल होंगे।
समाज की एकता और परंपरा का उत्सव
आयोजकों के अनुसार, कूर्मि परिवार दर्शन समारोह केवल एक सामाजिक आयोजन नहीं, बल्कि समाज की साझा पहचान, पारिवारिक संस्कारों और सामूहिक उत्तरदायित्वों का उत्सव है। समारोह में परिवारों के परिचय, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों और समाज के वरिष्ठजनों के मार्गदर्शन के माध्यम से नई पीढ़ी को अपनी परंपरा एवं सामाजिक विरासत से जोड़ने का प्रयास किया जाएगा।
समारोह में सहयोग देने वाले समाजजनों के प्रति आयोजकों ने आभार व्यक्त किया है। आयोजन को सफल बनाने में सहयोगी सदस्यों एवं समाज के कार्यकर्ताओं की महत्वपूर्ण भूमिका रहेगी।
आयोजन एवं संपर्क
समारोह के संयोजक श्री यदुनंदन कौशिक (मोबाइल: 8817226602) एवं श्री अनिल कुमार वर्मा (मोबाइल: 9098678427) हैं। आयोजन प्रमुख इंजी. लक्ष्मी कुमार गहवई (मोबाइल: 9977249432) हैं।
आयोजकों ने कूर्मि समाज के सभी परिवारों से आग्रह किया है कि वे 21 अक्टूबर को सेमरताल पहुंचकर समारोह में सहभागी बनें और सामाजिक एकता, सद्भाव तथा सांस्कृतिक गौरव के इस आयोजन को यादगार बनाएं। समारोह का संदेश: “वसुधैव कुटुम्बकम् — हम सब एक हैं, हमारा समाज एक है।”
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