- समिति के सदस्य सेवा और संकल्प गाजे बाजे के साथ विसर्जन करते हुए भावुक
बिलासपुर. बिलासपुर तिलक नगर में विगत 15 वर्षों से ‘दीक्षित चाल के राजा’ गणेश उत्सव का आयोजन श्रद्धा और उत्साह के साथ किया जा रहा है। हवन पूजन के साथ भंडारा लगातार किया गया और राज्यपाल शिक्षक सम्मान से सम्मानित “जय कौशिक का सम्मान शिक्षा के क्षेत्र में बिलासपुर सहित छत्तीसगढ़ का नाम रौशन करने के लिए” किया गया।दीक्षित चाल गणेश उत्सव समिति द्वारा प्रतिवर्ष भगवान श्री गणेश की भव्य प्रतिमा स्थापित कर धार्मिक एवं सामाजिक संदेशों के साथ गणेशोत्सव मनाया जाता है।
इस वर्ष गणेश उत्सव की विशेष थीम ‘गौ सेवा एवं गौ संरक्षण’ रखी गई है। पंडाल की सजावट और लगाए गए संदेशों के माध्यम से गौ माता की सेवा, संरक्षण और संवर्धन का संदेश श्रद्धालुओं तक पहुंचाया जा रहा है। समिति का उद्देश्य धार्मिक आस्था के साथ समाज में जीव-जंतुओं के प्रति करुणा और सेवा की भावना को बढ़ावा देना है।
पंडाल में ‘गौ माता की रक्षा हम सबकी जिम्मेदारी’ जैसे संदेशों के माध्यम से लोगों को गौ सेवा के प्रति जागरूक किया जा रहा है। समिति द्वारा श्रद्धालुओं से गौ सेवा एवं गौ संरक्षण में सहयोग करने की अपील भी की जा रही है। गणेश उत्सव के दौरान आकर्षक साज-सज्जा, धार्मिक झांकी एवं विशेष थीम श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र बनी हुई है। इस अवसर पर समिति द्वारा सामाजिक एवं धार्मिक क्षेत्र में योगदान देने वाले लोगों का सम्मान भी किया गया।
समिति के सदस्यों ने बताया कि पिछले 15 वर्षों से ‘दीक्षित चाल के राजा’ के माध्यम से धार्मिक आस्था के साथ सामाजिक सरोकारों को जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है। हर वर्ष किसी विशेष सामाजिक संदेश को उत्सव की थीम के रूप में प्रस्तुत कर लोगों को जागरूक किया जाता है। राजीव, शैलेश दीक्षित, शलभ दीक्षित, सुधांशु,योगेश दीक्षित, देवेश,सतीश दीक्षित,शुभम चिंटू, प्रकाश, पार्थ, सृष्टि, नंदिता, प्रिया,अनिमेष, समिति के अध्यक्ष हसनेल, डॉ महेंद्र साहू, विजय तिवारी लगातार इस सेवा में साथ रहे।
